Wednesday, May 4, 2011

आतंकवाद की फक्ट्री के मेनेजर का अंत

" आतंकवाद की फक्ट्री के मेनेजर का अंत हुआ " ऐसा हुआ मानते है ओसामा बिन लादेन की मौत को । साडी दुनिया में एक बड़ी तादात में लोगों द्वारा स्वीकार किया जाने वाला इस्लाम आज आतंकवाद का पर्याय बन चूका है लोग किसी मुस्लमान की चेक्किंग करने से पहले यह नहीं देखते की वोह किसी देश की सब से बड़ी हैसियत , राष्ट्रपति ( अब्दुल कलम ) है । उन्हें मुसलमानों से डार सा बैठ गया है । सितम्बर ११, २०११ के बाद साडी दुनिया में एक शंशय का माहौल है की इएंको अपने कंपनी में मत ही रखो , इएंके साथ मत ही रहो जाने दो इएन्हे किरायेदार मत की बनाओ इत्यादि । वोह मुस्लमान - जिनकी जागीर है ताज महल , मुहब्बत का पैगाम , एक अजूबा आज नफरत की भेंट चढ़ चूका है ।
सच यह है की ऐसा नहीं था इस्लाम ओसामा / सितम्बर ११ २००१ के पहले , शायद इस शैतान की मौत के बात सब कुछ ठीक हो जाये ऐसा है मेरा " वेल्फैर पॉइंट ऑफ़ विउ "